Gorakhpur News – A one-day seminar was organized under the ‘Seva Sankalp Abhiyan’ (Service Commitment Campaign).
गोरखपुर। सेवा संकल्प अभियान के कार्यक्रमों के अंतिम चरण सेवा फर्स्ट इन्नोवेशन चैलेंज कार्यक्रम के अंतर्गत आज शुक्रवार को सेण्ट ऐण्ड्रयूज कॉलेज गोरखपुर में “स्थानीय जड़ों से वैश्विक नवाचारः समावेशी उद्यमिता के माध्यम से भारत को विकसित बनाना“ विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया।
उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में पधारे क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी गोरखपुर प्रोफेसर उदयभान ने कहा कि उच्च शिक्षा विभाग एवं शासन के निर्देशानुसार सेवा संकल्प अभियान 2026 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के सार्वजनिक सेवाकाल और ‘विकसित भारत @2047‘ के दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए चलाया जा रहा है। सेण्ट ऐण्ड्रयूज कॉलेज शिक्षा के साथ ही अपने सामाजिक दायित्वों के निर्वहन के लिए जाना जाता है। महाविद्यालय ने छात्र-छात्राओं के ओरिएंटेशन तथा मोटिवेशन हेतु स्टार्टअप, प्रोफेशनल, कॉर्पोरेट इनोवेटर तथा जमीनी स्तर पर नए समाधान विकसित करने वाले विशेष विशेषज्ञों द्वारा छात्रों के समन्वय हेतु इस सेमिनार का आयोजन कर अत्यंत ही उत्कृष्ट कार्य किया है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही कॉलेज की प्राचार्य प्रोफेसर आर0 एन0 सैमुएल ने कहा कि हमारे महाविद्यालय ने सेवा संकल्प के सभी संकल्पित कार्यक्रमों को बड़े ही मनोयोग से संपन्न कराया है और हमें आशा है कि छात्र-छात्राओं को इसका लाभ मिला होगा।
विशिष्ट अतिथि राष्ट्रीय औषधीय शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान, रायबरेली , लखनऊ के औषधि रसायन विज्ञान विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ० संदीप चैधरी ने बीज वक्तव्य में बोलते हुए कहा कि समावेशी विकास और इनोवेशन के जरिए 2047 तक भारत को एक पूरी तरह से आत्मनिर्भर विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य को पूरा किया जा सकता है।
तकनीकी सत्र में उन्होंने विज्ञान के क्षेत्र में समावेशी विकास और नवाचार पर अपने विचार विस्तार से रखे। दूसरे विशिष्ट अतिथि दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय गोरखपुर के बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन विभाग के अध्यक्ष प्रोफेसर मनीष कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि समाज के हर वर्ग विशेष रूप से महिलाओं, युवाओं ग्रामीण और हासिए पर रहने वाले लोगों को उद्यमिता से जोड़ना होगा तभी भारत विकसित राष्ट्र बन सकेगा।
कार्यक्रम की भूमिका बताते हुए सेमिनार के संयोजक व सेवा संकल्प अभियान के नोडल अधिकारी प्रोफेसर जे0 के0 पाण्डेय ने कहा कि जमीनी स्तर पर या ग्रामीण भारत के लोकल आइडिया, पारंपरिक कलाओं और व्यवसायों को आधुनिक तकनीक की मदद से वैश्विक मंच पर कैसे ले जाया जाए, इसी के मंथन हेतु इस सेमिनार का आयोजन किया गया है।
आयोजन सचिव डॉ0 के0 डी0 पाण्डेय ने सभी अतिथियों का औपचारिक स्वागत किया। तकनीकी सत्रों में विशेषज्ञों के व्याख्यान के पश्चात छात्र छात्राओं ने विशेषज्ञों से इनोवेशन, समावेशी उद्यमिता आदि विषयों पर खुलकर प्रश्न किया और विशेषज्ञों ने उनके जवाब दिये।
इस अवसर पर उच्च शिक्षा अधिकारी महोदय द्वारा सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित होने वाली विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजयी प्रतिभागियों व प्रतियोगिताओं में सहयोग करने वाले शिक्षकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर महाविद्यालय के समस्त शिक्षक, छात्र-छात्राएं, राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक, NCC कैडेट्स तथा रोवर रेंजर्स की उपस्थिति रही।






